शिमला : हिमाचल प्रदेश सरकार ने मेडिकल कॉलेजों की फैकल्टी की बड़ी मांग पूरा कर दी है। राज्य सरकार ने हिमाचल प्रदेश के सरकारी मेडिकल कॉलेजों, जिनमें एआईआईएमएस चमियाना (शिमला) तथा राजकीय डेंटल कॉलेज, शिमला भी शामिल हैं। सरकार ने इनके फैकल्टी सदस्यों को अब एक कैलेंडर वर्ष में अधिकतम 15 दिन का अकादमिक अवकाश प्रदान करेगी। इस संबंध में हाल ही में डॉक्टरों का एक प्रतिनिधिमंडल मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविन्द्र सिंह सुक्खू से मिला था और अपनी मांग उनके समक्ष रखी थी। राज्य सरकार ने उनकी मांग को स्वीकार कर इस संबंध में अधिसूचना जारी कर दी है।
यह अकादमिक अवकाश अन्य विश्वविद्यालयों या संस्थानों में आयोजित परीक्षा ड्यूटी, निरीक्षण, सम्मेलनों आदि में भाग लेने तथा राज्य से बाहर राष्ट्रीय चिकित्सा आयोग और राष्ट्रीय दंत चिकित्सा आयोग के निरीक्षण कार्यों के लिए लिया जा सकेगा। हालांकि, ऐसे अकादमिक अवकाश के दौरान यात्रा भत्ता/दैनिक भत्ता तथा अन्य खर्चों का वहन राज्य सरकार नहीं करेगी।
अधिसूचना में यह भी स्पष्ट किया गया है कि हिमाचल प्रदेश के भीतर सरकारी मेडिकल एवं डेंटल कॉलेजों, जिनमें एआईआईएमएस चमियाना (शिमला) भी शामिल है, में NMC/NDC के परीक्षक अथवा निरीक्षक के रूप में सेवाएं देने वाले फैकल्टी सदस्यों को ऑन ड्यूटी माना जाएगा।



