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नार्वे में क्यों बिकती हैं अधिकतर टेस्ला कारें, आइए जानते हैं इसकी वजह

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नॉर्वे (Norway) आज दुनिया का वह देश है जहाँ टेस्ला कारें सबसे ज़्यादा आम नज़ारों में से एक बन गई हैं।

इसकी कुछ प्रमुख वजहें हैं

1. इलेक्ट्रिक कारों पर सरकारी प्रोत्साहन
नॉर्वे की सरकार ने इलेक्ट्रिक वाहनों (EVs) को बढ़ावा देने के लिए बहुत सारे फायदे दिए हैं — जैसे कोई रोड टैक्स नहीं, टोल टैक्स में छूट, मुफ्त पार्किंग, और चार्जिंग की सुविधाएँ।

2. पर्यावरण-जागरूक समाज
नॉर्वे के लोग पर्यावरण के प्रति बहुत संवेदनशील हैं। वे पेट्रोल-डीज़ल गाड़ियों की बजाय इलेक्ट्रिक गाड़ियों को चुनते हैं ताकि कार्बन उत्सर्जन घटे।

3. टेस्ला की लोकप्रियता
टेस्ला की परफॉर्मेंस, रेंज और तकनीक (जैसे ऑटोपायलट फीचर) ने वहाँ के लोगों को बहुत आकर्षित किया है। Model Y और Model 3 नॉर्वे में सबसे ज़्यादा बिकने वाली कारों में शामिल हैं।

4. नॉर्वे का लक्ष्य
नॉर्वे का लक्ष्य है कि 2025 तक सभी नई कारें केवल इलेक्ट्रिक हों। यानी पेट्रोल या डीज़ल गाड़ियाँ बिल्कुल बंद हो जाएँ।

इसीलिए वहाँ के शहरों — जैसे ओस्लो, बर्गन, ट्रॉनहैम, स्टावेंगर — की गलियों में सच में ऐसा लगता है कि हर दूसरी कार टेस्ला या कोई और EV है।

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Author: speedpostnews

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