नीचे टेस्ट क्रिकेट के इतिहास में व्यक्तिगत तौर पर सर्वोच्च स्कोर की शीर्ष 10 सूची दी गई है, जिसमें बल्लेबाज़, उनके रन, विरोधी टीम, स्थान और तारीख शामिल हैं:
1. Brian Lara (West Indies) – 400 vs England, St John’s (Antigua Recreation Ground), 10 April 2004*
2. Matthew Hayden (Australia) – 380 vs Zimbabwe, Perth (WACA Ground), 9 October 2003
3. Brian Lara (West Indies) – 375 vs England, St John’s (Antigua Recreation Ground), 16 April 1994
4. Mahela Jayawardene (Sri Lanka) – 374 vs South Africa, Colombo (SSC), 27 July 2006
5. Garfield “Garry” Sobers (West Indies) – 365 vs Pakistan, Kingston (Sabina Park), 26 February 1958*
6. Sir Len Hutton (England) – 364 vs Australia, The Oval, 20 August 1938
7. Sanath Jayasuriya (Sri Lanka) – 340 vs India, Colombo (RPS), 2 August 1997
8. Hanif Mohammad (Pakistan) – 337 vs West Indies (match in Bridgetown), 17 January 1958
9. Wally Hammond (England) – 336 vs New Zealand, Auckland, 31 March 1933*
10. David Warner (Australia) – 335 vs Pakistan, Adelaide (Adelaide Oval), 29 November 2019*
संक्षिप्त विवरण
Brian Lara का 400* टेस्ट इतिहास में इकलौता 400 का स्कोर है और यह स्कोर 2004 में इंग्लैंड के खिलाफ स्ट जॉन्स में हुआ था।
Matthew Hayden ने 2003 में पर्थ में जिम्बाब्वे के खिलाफ ऑस्ट्रेलियाई ओपनर के रूप में 380 रन बनाकर ब्रायन लारा का रिकॉर्ड तोड़ा था।
फिर से Lara ने 1994 में उसी मैदान पर इंग्लैंड के खिलाफ 375 रन बनाए थे, जब गारी सोबर्स का 365 का रिकॉर्ड टूटा था।
Mahela Jayawardene ने श्रीलंका के लिए यह चौंकाने वाला स्कोर बनाया, और Garry Sobers ने 1958 में पाकिस्तान के खिलाफ 365* बनाकर रिकॉर्ड कायम किया।
Len Hutton का 364 रन आज भी इंग्लैंड का सर्वोच्च व्यक्तिगत स्कोर है, और यह 1938 में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ था।
Sanath Jayasuriya और Hanif Mohammad, 1997 व 1958 में क्रमशः भारी स्कोर करने वाले अन्य महान बल्लेबाज़ हैं।
Wally Hammond ने 1933 में न्यूजीलैंड के खिलाफ 336* बनाया, और David Warner ने 2019 में पाकिस्तान के खिलाफ 335* स्कोर कर टॉप 10 में जगह बनाई।
ब्रायन लारा अद्भुत
टेस्ट क्रिकेट की 150 वर्षीय यात्रा में ये 10 पारियां बिल्कुल ऐतिहासिक रही हैं। इनमें से 400* और 375 रन दोनों ही ब्रायन लारा ने बनाए जो टेस्ट की दो सबसे बड़ी पारियां हैं। इसके अलावा, हयडेन, जयवर्धने, सोबर्स और हटन की पारियां अपनी इनोवेटिव और तकनीकी उत्कृष्टता के कारण यादगार हैं। कुल मिलाकर यह रिकॉर्ड न सिर्फ व्यक्तिगत उपलब्धियाँ हैं, बल्कि टेस्ट क्रिकेट के शाश्वत बल, क्षमता और करिश्मे का प्रतीक भी हैं।



