वाशिंगटन: अंतरिक्ष यात्री सुनीता विलियम्स, बुच विल्मोर, निक हेग और अलेक्जेंडर गोरबुनोव सुरक्षित पृथ्वी पर पहुंच गए हैं। नासा के स्पेसएक्स क्रू-9 मिशन के सदस्य भारतीय समयानुसार तड़के 3:27 बजे फ्लोरिडा के तट पर पहुंचे। सुनीता व बुच ने 6 जून 2024 को बोइंग के स्टारलाइनर अंतरिक्ष यान में मिशन शुरू किया था। हेग और गोरबुनोव 29 सितंबर 2024 को अंतरिक्ष स्टेशन पर पहुंचे थे। भारतीय मूल की सुनीता नौ महीने 14 दिन के लंबे अंतरिक्ष मिशन के बाद पृथ्वी पर लौटीं।
बाहर निकलते ही पैरों पर खड़ा नहीं हो पाईं
अंतरिक्ष में शून्य गुरुत्वाकर्षण के कारण अंतरिक्ष यात्रियों के शरीर पर प्रभाव पड़ता है। इसलिए सुनीता को बाहर निकालने के बाद मेडिकल टीम ने उन्हें स्ट्रेचर पर बैठाया। उन्होंने पैरों पर खड़े होने की कोशिश की, लेकिन संतुलन नहीं बना सकीं। दो लोगों ने सहारा देकर बैठाया। ड्रैगन कैप्सूल वायुमंडल में दाखिल हुआ तो इसका तापमान 1,600 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया। सेफ्टी टीम ने रिकवरी शिप की मदद से चारों अंतरिक्षयात्रियों को सुरक्षित बाहर निकाला। नौ महीने 14 दिन के अंतराल के बाद सुनीता ने पृथ्वी की ग्रैविटी महसूस की तो उनके चेहरे पर खुशी थी। उन्होंने हाथ हिलाकर सभी को अभिवादन किया।
अंतरिक्ष में सुनीता विलियम्स का रिकार्ड
नासा की मानें तो सुनीता ने अंतरिक्ष में ज्यादा समय बिताने रिकार्ड बनाया। उन्होंने स्पेस स्टेशन के बाहर 62 घंटे और 9 मिनट तक काम किया और 9 बार स्पेसवाक किया। सुनीता विलियम्स और बुच विल्मोर को 06 जून, 2024 को अंतरिक्ष में भेजा गया था। यह मिशन आठ दिन के लिए था, लेकिन तकनीकी समस्या आने के कारण इसे नौ महीने से ज्यादा समय तक बढ़ाना पड़ा।



