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नारी शक्ति वंदन अधिनियम महिला सशक्तिकरण की दिशा में एक ऐतिहासिक मील का पत्थर : जयराम

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कुल्लू : ​पूर्व मुख्यमंत्री एवं नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने शुक्रवार को कुल्लू में आयोजित एक गरिमामयी कार्यक्रम के दौरान नारी शक्ति वंदन अधिनियम को देश की लोकतांत्रिक यात्रा का सबसे महत्वपूर्ण औरऐतिहासिक मील का पत्थर करार देते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के दूरदर्शी नेतृत्व की जमकर सराहना की और कहा कि यह निर्णय न केवल महिलाओं को सामाजिक एवं राजनीतिक रूप से सशक्त बनाएगा, बल्कि उन्हें राष्ट्र की निर्णय प्रक्रिया में समान और सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित करने की दिशा में एक अत्यंत सुदृढ़ और प्रभावी कदम सिद्ध होगा।
उन्होंने बड़े ही प्रभावशाली ढंग से अपनी बात रखते हुए इस बात पर विशेष बल दिया कि 21वीं सदी के इस सबसे बड़े और महत्वपूर्ण फैसले की गूँज आज पूरी दुनिया में सुनाई दे रही है और वैश्विक स्तर पर इसकी व्यापक चर्चा हो रही है, क्योंकि यह प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का महिला सशक्तिकरण की दिशा में एक ऐसा अविस्मरणीय और साहसिक कार्य रहेगा जो आने वाले समय में लोकतंत्र के भीतर महिलाओं की भूमिका को और अधिक सार्थक, प्रभावशाली और मजबूत बनाने में आधारस्तंभ का कार्य करेगा। नेता प्रतिपक्ष ने स्पष्ट किया कि लोकसभा और विभिन्न राज्यों की विधानसभाओं में महिलाओं के लिए 33 प्रतिशत आरक्षण का यह संवैधानिक प्रावधान न केवल उनके बुनियादी अधिकारों को सुरक्षा प्रदान करेगा और उन्हें मजबूती देगा, बल्कि यह देश के सर्वांगीण विकास की गति को भी एक नई और सकारात्मक ऊर्जा प्रदान करेगा, क्योंकि जब आधी आबादी को नेतृत्व का अवसर मिलेगा तो विकास के प्रतिमान भी बदलेंगे। जयराम ठाकुर ने भावुक होते हुए इस दूरदर्शी निर्णय के लिए प्रधानमंत्री का हृदय से आभार प्रकट किया और इसे “नारी शक्ति” के प्रति सच्ची श्रद्धा व सम्मान की प्रतिबद्धता का प्रतीक बताया।
उन्होंने कहा कि भारतीय जनता पार्टी महिलाओं को संगठन और सरकार में अधिक से अधिक पदों पर जिम्मेदारी देकर उन्हें नेतृत्व के लिए तैयार कर रही है, जिसका प्रत्यक्ष प्रमाण आज देश के सर्वोच्च राष्ट्रपति पद से लेकर केंद्रीय कैबिनेट तक में मातृशक्ति की सशक्त और अग्रणी उपस्थिति के रूप में देखा जा सकता है। उन्होंने आत्मविश्वास के साथ कहा कि आज की महिलाएं अपनी अदम्य इच्छाशक्ति और अद्वितीय काबिलियत के दम पर हर क्षेत्र में खुद को साबित कर रही हैं और राष्ट्र सेवा में अपना अमूल्य योगदान दे रही हैं, ऐसे में यह अधिनियम उनके हौसलों को नई उड़ान देने के साथ-साथ समाज की मुख्यधारा में उनके प्रभाव को और अधिक व्यापक बनाएगा, जिससे भारत एक सशक्त और समावेशी लोकतंत्र के रूप में विश्व पटल पर अपनी नई पहचान स्थापित करने में सफल होगा।

यह अधिनियम भविष्य की पीढ़ियों के लिए एक प्रेरणा स्रोत बनेगा और यह सुनिश्चित करेगा कि राष्ट्र के निर्माण में महिलाओं का दृष्टिकोण और उनकी संवेदनाएं नीति-निर्माण का अनिवार्य हिस्सा बनी रहें, जो कि एक प्रगतिशील समाज की अनिवार्य आवश्यकता है। कुल्लू में आयोजित इस विशेष अवसर पर विधायक सुरेंद्र शौरी, पार्टी महासचिव पायल वैद्य, वरिष्ठ भाजपा नेता नरोतम ठाकुर और दानवेंद्र सिंह, जिला सह प्रभारी प्रियंता शर्मा, भाजपा नेत्री धनेश्वरी ठाकुर,जिला भाजपा अध्यक्ष अमित सूद और सेवानिवृत प्रधानाचार्य मधुरबीणा, रोटरी की चेयरपर्सन पूजा सहित विभिन्न सामाजिक और राजनीतिक संगठनों से जुड़ी महिलाओं की भारी उपस्थिति ने इस कार्यक्रम को और अधिक गरिमा प्रदान की।

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Author: speedpostnews

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