कांगड़ा : चाइल्ड हेल्पलाइन कांगड़ा ने राजकीय उत्कृष्ट वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला गाहलियां के बच्चों, अध्यापकों व अन्य स्टॉफ के लिए एक जागरूकता कैंप का आयोजन किया गया। इसकी अध्यक्षता स्कूल के प्रधानाचार्य अजय कुमार ने की। शिविर में उपस्थित प्रतिभागियों का स्वागत किया।
जागरूकता कार्यक्रम में जिला कार्यक्रम अधिकारी अशोक कुमार शर्मा ने बतौर मुख्यातिथि शिरकत की। शिविर में मौजूद प्रतिभागियों कों बाल शिक्षा, स्वास्थ्य, एवं संरक्षण पर जागरूक किया। बाल कल्याण क़े लिए महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा चलाई जा रही योजनाओं की जानकारी दी। इसके साथ ही महिला स्वास्थ्य, संरक्षण एवं सशक्तिकरण पर अपने बहुमूल्य विचार साझा किये। कार्यक्रम में विशेष अतिथि क़े रूप मे बाल विकास परियोजना अधिकारी संदीप बग्गा उपस्थित रहे व सर्किल पर्यवेक्षक नीलकमल व नीतू देवी ने भी शिविर में अपनी उपस्थिति दर्ज़ करवाई।
कार्यक्रम में बच्चों के साथ विकास चौधरी, पंकज कुमार, नवनीत वालिया, राजीव डोगरा, अनिल कुमार, वीना, शिल्पा, बेबी, विनोद कुमार, अश्विनी कुमार अध्यापको ने भी भाग लिया। जागरूकता कार्यक्रम में चाइल्ड हेल्पलाइन काँगड़ा के जिला समन्वयक मनमोहन चौधरी ने बच्चों को चाइल्ड हेल्पलाइन के टोल फ्री नंबर 1098 की कार्यप्रणाली की विस्तार से जानकारी दी। बाल विवाह मुक्त भारत अभियान के अंतर्गत उपस्थित प्रतिभागियों कों बाल विवाह निषेध अधिनियम 2006 की जानकारी साझा की।
इसके बाद बच्चों को बाल अधिकारों के बारे में जैसे बाल विवाह, बाल मजदूरी, बाल तस्करी, बाल भिक्षावृति, बाल यौन शोषण, घरेलू हिंसा, बाल दुर्व्यवहार, मानसिक प्रताड़ना व शारीरिक दंड के बारे में जागरूक किया।इन बाल अधिकारों में जो नियम एवं प्रावधान है, उनके बारे में अवगत करवाया।
इसके साथ ही विद्यालय के बच्चों से आगाह किया कि वे सोशल मीडिया से दूर रहें व अनजान लोगों से कभी लिफ्ट न ले और न ही कोई गिफ्ट लें। लड़कियों को सचेत किया कि अनजान लोगों से मेलजोल न बढ़ायें, अगर आपके आस-पड़ोस या घर से स्कूल आते-जाते कोई तंग करता है, पीछा करता है या आते जाते भद्दी टिप्पणी करता है या मोबाइल पर गंदी तस्वीर या वीडियो दिखाता है तो इसकी सूचना तुरंत 1098 पर दें।
वन स्टॉप सेंटर से केंद्र प्रशासक दिशा गुप्ता ने महिला हेल्पलाइन 181, वन स्टॉप सेंटर, महिलाओं क़े साथ दहेज़ प्रताड़ना एवं घरेलू हिंसा आदि विषयों पर बने कानूनी प्रावधानों पर जानकारी दी।कार्यक्रम में लगभग 190 बच्चों ने भाग लिया।



