मंडी : पूर्व मुख्यमंत्री एवं वर्तमान नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने रविवार को अपने गृह विधानसभा क्षेत्र सराज के प्रवास के दौरान सरोआ और बालीचौकी में आयोजित विभिन्न कार्यक्रमों में शिरकत की, जहाँ उन्होंने मातृ शक्ति के अपार योगदान को नमन करने के साथ-साथ संगठन की मजबूती और अंत्योदय के विचारों पर विस्तार से प्रकाश डाला। सरोआ में सेतु सोशल वेलफेयर ट्रस्ट द्वारा अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस के उपलक्ष्य में आयोजित एक विशेष कार्यक्रम में सम्मिलित होते हुए उन्होंने पारंपरिक खेलों का विधिवत शुभारंभ किया और उपस्थित जनसमूह को संबोधित करते हुए कहा कि किसी भी राष्ट्र की प्रगति की कल्पना मातृ शक्ति के सक्रिय सहयोग के बिना अधूरी है।
उन्होंने विशेष रूप से इस बात पर जोर दिया कि भारत को आज विश्व की तीसरी बड़ी महाशक्ति बनाने के पीछे देश की करोड़ों माताओं और बहनों का समर्पण और कठिन परिश्रम छिपा है, जो हर क्षेत्र में कंधे से कंधा मिलाकर राष्ट्र निर्माण में जुटी हैं। महिलाओं के साहस और पराक्रम का उदाहरण देते हुए उन्होंने उल्लेख किया कि किस प्रकार पाकिस्तान के साथ तनावपूर्ण स्थितियों या युद्ध जैसी परिस्थितियों में हमारी बहादुर महिला सैन्य अधिकारियों ने अग्रिम मोर्चे पर रहकर देश को गौरवान्वित किया है और उनकी उपस्थिति मात्र से हर हिंदुस्तानी का सीना गर्व से चौड़ा हो जाता है।
जयराम ठाकुर ने भारतीय संस्कृति की जड़ों का हवाला देते हुए कहा कि वैदिक काल से ही हमारे समाज में नारी को सर्वोच्च स्थान प्राप्त रहा है, यही कारण है कि आज भी हम भगवान के नाम से पूर्व माता सीता और राधा का नाम अत्यंत श्रद्धा के साथ लेते हैं। रानी लक्ष्मीबाई और अहिल्याबाई होलकर जैसी वीरांगनाओं का स्मरण करते हुए उन्होंने कहा कि इन महान व्यक्तित्वों ने न केवल युद्ध लड़े बल्कि कुशलतापूर्वक शासन का संचालन कर इतिहास में अपनी अमिट छाप छोड़ी, और आज भी देश के सर्वोच्च संवैधानिक पदों पर महिलाएं आसीन होकर देश का सफल मार्गदर्शन कर रही हैं। उन्होंने गत वर्ष आई भीषण प्राकृतिक त्रासदी का जिक्र करते हुए सराज की उन साहसी महिलाओं के प्रति विशेष सम्मान प्रकट किया, जिन्होंने भारी कष्ट सहने के बावजूद अटूट धैर्य के साथ आपदा का सामना किया और समाज के पुनरुद्धार में अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
पंडित दीनदयाल उपाध्याय प्रशिक्षण महाभियान-2026′ की कार्यशाला में शामिल हुए नेता प्रतिपक्ष
सरोआ के कार्यक्रम के पश्चात नेता प्रतिपक्ष बालीचौकी पहुंचे, जहाँ उन्होंने सराज विधानसभा के बालीचौकी मंडल में आयोजित ‘पंडित दीनदयाल उपाध्याय प्रशिक्षण महाभियान-2026’ की कार्यशाला में भाग लिया। इस सांगठनिक कार्यक्रम में कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए उन्होंने संगठन की मजबूती और जनसेवा की पवित्र भावना पर बल दिया। उन्होंने कार्यकर्ताओं का आह्वान किया कि वे पंडित दीनदयाल उपाध्याय के ‘अंत्योदय’ और ‘एकात्म मानववाद’ के सिद्धांतों को जन-जन तक पहुंचाएं, ताकि समाज के अंतिम छोर पर खड़े व्यक्ति तक विकास की किरण पहुंच सके। इस दौरान उन्होंने कार्यकर्ताओं के साथ जमीनी स्तर पर संगठन को और अधिक सशक्त बनाने तथा सरकारी योजनाओं का लाभ पात्र व्यक्तियों तक पहुंचाने के विषय में विस्तृत चर्चा की। जयराम ठाकुर ने स्पष्ट किया कि उनकी राजनीति का मूल लक्ष्य समाज के हर वर्ग को साथ लेकर चलना है ताकि प्रदेश और देश की प्रगति में सामूहिक योगदान सुनिश्चित किया जा सके और विकास की रोशनी केवल शहरों तक सीमित न रहकर सुदूर ग्रामीण अंचलों के हर उस व्यक्ति के जीवन को प्रकाशित करे जो अब भी अभावों में जी रहा है। उन्होंने सभी कार्यकर्ताओं से एकजुट होकर सेवा भाव के साथ कार्य करने और राष्ट्र के गौरव को नई ऊंचाइयों पर ले जाने का संकल्प लेने का आग्रह किया।

