Home » देवभूमि हिमाचल » मुख्यमंत्री सुक्खू ने हिमाचल में बीपीएल सर्वेक्षण के चौथे चरण को 1 फरवरी से शुरू करने के दिए निर्देश

मुख्यमंत्री सुक्खू ने हिमाचल में बीपीएल सर्वेक्षण के चौथे चरण को 1 फरवरी से शुरू करने के दिए निर्देश

Facebook
Twitter
WhatsApp

शिमला : मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविन्द्र सिंह सुक्खू ने आज यहां ग्रामीण विकास एवं पंचायती राज विभाग के अधिकारियों के साथ आयोजित बैठक की अध्यक्षता करते हुए अधिकारियों को बीपीएल (गरीबी रेखा से नीचे) परिवारों की पहचान के लिए सर्वेक्षण का चौथा चरण 1 फरवरी, 2026 से शुरू करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार का हर पात्र गरीब परिवार का नाम बीपीएल सूची में शामिल करने का उद्देश्य है, ताकि उन्हें सरकार की विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं का लाभ मिल सके। उन्होंने कहा कि यह सर्वेक्षण पांच चरणों में किया जाएगा, ताकि कोई भी जरूरतमंद परिवार छूट न जाए।
उन्होंने कहा कि सर्वेक्षण के पहले तीन चरणों में प्रदेश भर में कुल 59,829 परिवारों को बीपीएल सूची में शामिल किया गया है। जिलेवार आंकड़ों के अनुसार बिलासपुर में 2,204, चंबा में 13,786, हमीरपुर में 3,480, कांगड़ा में 10,807, किन्नौर में 1,109, कुल्लू में 2,957, लाहौल-स्पीति में 206, मंडी में 12,045, शिमला में 4,522, सिरमौर में 1,277, सोलन में 1,567 और ऊना में 5,869 परिवारों को बीपीएल घोषित किया गया है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश सरकार ने बीपीएल सूची में शामिल करने के लिए कुछ मुख्य पात्रता शर्तें भी निर्धारित की हैं। जिन परिवारों में 27 वर्ष तक के अनाथ बच्चे, 59 वर्ष से अधिक उम्र के सदस्य, या 27 से 59 वर्ष की आयु के दिव्यांग सदस्य हैं, वे बीपीएल में शामिल किए जा सकते हैं। इसके अलावा जिन परिवारों की मुखिया महिला हो और परिवार में 27 से 59 वर्ष के बीच कोई वयस्क पुरुष सदस्य न हो, तथा जिन परिवारों के मुखिया को 50 प्रतिशत या उससे अधिक दिव्यांगता हो, उन्हें भी बीपीएल सूची में रखा जाएगा।
उन्होंने कहा कि अन्य पात्र परिवारों में वे परिवार शामिल होंगे जिन्होंने पिछले वित्तीय वर्ष में मनरेगा के तहत कम से कम 100 दिन काम किया हो। साथ ही जिन परिवारों के कमाने वाले सदस्य कैंसर, अल्जाइमर, पार्किंसन, मस्कुलर डिस्ट्रॉफी, हीमोफीलिया जैसी गंभीर बीमारियों से पीड़ित हों या कोई ऐसी बीमारी हो जिससे स्थायी दिव्यांगता होती हो, उन्हें भी बीपीएल में शामिल किया जाएगा। प्रदेश सरकार ने पक्के मकान वाले वे परिवार जिन्होंने राज्य या केंद्र सरकार की आवास योजनाओं के तहत वित्तीय सहायता ली है, उन्हें भी बीपीएल सूची में शामिल करने का निर्णय लिया है।
ग्रामीण विकास एवं पंचायती राज मंत्री अनिरुद्ध सिंह, विधायक चंद्रशेखर, मुख्यमंत्री के सचिव राकेश कंवर, सचिव अमरजीत सिंह, निदेशक राकेश प्रजापति तथा अन्य वरिष्ठ अधिकारी भी बैठक में उपस्थित थेे।

speedpostnews
Author: speedpostnews

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *