उच्च रक्तचाप (High Blood Pressure / Hypertension) को अक्सर “साइलेंट किलर” कहा जाता है, क्योंकि शुरू-शुरू में इसके स्पष्ट लक्षण नहीं दिखते। लेकिन लंबे समय तक नियंत्रण न होने पर यह हृदय, मस्तिष्क, गुर्दे और आंखों को नुकसान पहुंचा सकता है।
उच्च रक्तचाप के संभावित लक्षण
हर रोगी में यह लक्षण जरूरी नहीं होते, लेकिन कुछ लोगों में दिखाई दे सकते हैं :
बार-बार सिर दर्द (विशेषकर सुबह उठते समय)
चक्कर आना या असंतुलन महसूस होना
धुंधला दिखाई देना या आंखों में दर्द
थकान और कमजोरी
दिल की धड़कन तेज होना (Palpitation)
सीने में दर्द या भारीपन
सांस फूलना
नाक से खून आना (कभी-कभी)
उच्च रक्तचाप में रोगी को क्या सावधानियाँ रखनी चाहिए
1. नियमित जांच
ब्लड प्रेशर की समय-समय पर जाँच करते रहें।
डॉक्टर की सलाह अनुसार दवा समय पर लें, दवा कभी अपने-आप बंद न करें।
2. आहार संबंधी सावधानियां
खाने में नमक कम करें (प्रति दिन 5 ग्राम से कम)
तैलीय, मसालेदार और ज्यादा मीठी चीजें कम करें।
अधिक सब्ज़ियाँ, फल, सलाद, साबुत अनाज, दालें शामिल करें।
कैफीन और शराब सीमित मात्रा में लें या परहेज करें।
3. जीवनशैली में बदलाव
रोज़ाना कम से कम 30 मिनट व्यायाम / पैदल चलना।
वजन नियंत्रित रखें।
धूम्रपान से परहेज करें।
नींद पूरी (7–8 घंटे) लें।
तनाव कम करने के लिए योग, ध्यान या गहरी साँस लेने का अभ्यास करें।
4. आपात स्थिति पर ध्यान
अगर अचानक सीने में तेज दर्द, बोलने में कठिनाई, शरीर के किसी हिस्से में कमजोरी या तेज सिरदर्द हो, तो तुरंत डॉक्टर से संपर्क करें।



